
डोनाल्ड ट्रंप और पुतिन की मुलाकात
अलास्का: वर्षों से चल रहे रूस और यूक्रेन युद्ध को लेकर पूरी दुनिया की चिंता बरकरार है। इस बीच दुनिया की दो महाशक्तियों के बीच बातचीत हुई है जिसमें एक रूस है जो यूक्रेन के साथ युद्ध में शामिल है तो वहीं दूसरा सुपरपावर अमेरिका है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच अलास्का में अहम बैठक हुई जो करीब तीन घंटे तक चली, लेकिन इस बैठक में भी दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत में युद्धविराम को लेकर कोई समाधान नहीं निकल सका है।
फॉक्स न्यूज की अमेरिकी पत्रकार जैकी हेनरिक ने अलास्का से जानकारी दी कि “बातचीत का माहौल डोनाल्ड ट्रंप के लिए चुनौतीपूर्ण रहा और ऐसा लगा कि पुतिन बातचीत में शुरुआती दौर से ही हावी हो गए थे। ऐसा लग रहा था कि पुतिन इस बैठक में अपनी बात कहने आए थे, उन्होंने अपनी बातें कहीं और फिर चले गये।” अमेरिकी पत्रकार की इस जानकारी के अलावा इस बैठक की एक और बहुत बड़ी हैरान करने वाली बात सामने आई है जो ये थी कि अलास्का, जो अमेरिका की धरती है, वहां डोनाल्ड ट्रंप से पहले व्लादिमीर पुतिन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बात की।
अलास्का समिट की जानें 10 बड़ी बातें
1-अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच की मुलाकात अलास्का के ज्वाइंट बेस एल्मेंड्रॉफ-रिचर्डसन एयरबेस पर हुई, जो कभी शीत युद्ध के दौरान सोवियत संघ पर नजर रखने का अमेरिका का अहम सैन्य अड्डा था। दोनों नेताओं के बीच तीन घंटे तक बैठक चली, इस बैठक पूरी दुनिया की निगाहें टिकी थीं। बैठक के बाद भी युद्धविराम पर किसी तरह का कोई समझौता नहीं हो पाया। एक्सपर्ट्स का मानना है कि ये बैठक नाकाम रही।
2- डोनाल्ड ट्रंप और पुतिन के बीच कोई औपचारिक समझौता नहीं हुआ है लेकिन दोनों नेताओं की बयानबाजी दोनों देशों की रणनीति का हिस्सा थी। जहां डोनाल्ड ट्रंप दुनिया को ये संदेश देना चाहते हैं कि उन्होंने रूस युक्रेन युद्ध को लेकर अहम कदम उठाया है और पुतिन को बातचीत की टेबल पर ला दिया है, जबकि पुतिन ने बातचीत के दौरान शुरू से ही हावी होकर ये संकेत दिया है कि बातचीत उनकी शर्तों के मुताबिक चली है।
3- तीन घंटे की बैठक के बाद दोनों देश के नेताओं ने एक ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की, लेकिन पत्रकारों के किसी भी सवाल का जवाब नहीं दिया। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने एयर फोर्स वन में संवाददाताओं को बताया कि ट्रंप के साथ पहले से तय वन टू वन बैठक के बजाय, विदेश मंत्री मार्को रुबियो और विशेष दूत स्टीव विटकॉफ भी शामिल हुए।
4- रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव और विदेश नीति सलाहकार यूरी उशाकोव भी व्लादिमीर पुतिन के साथ इस वार्ता में शामिल हुए थे। एक्सपर्ट्स का कहना है कि पुतिन की टीम अनुभवी कूटनीतिज्ञों से बनी थी, जो पश्चिमी दबाव के बीच रूस की स्थिति को मजबूती से पेश कर सके।
5- डोनाल्ड ट्रंप ने प्रेस कांफ्रेंस में संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि “हमारी बैठक अत्यंत उपयोगी रही और कई बिंदुओं पर हमारे बीच सहमति बन गई है, आगे भी बात होगी।”
6- बैठक के बाद पुतिन ने सबसे पहले मीडिया को संबोधित किया और डोनाल्ड ट्रंप से ज्यादा समय तक संवाददाताओं से बातचीत की और कहा, “हमारी बातचीत रचनात्मक और पारस्परिक सम्मानपूर्ण माहौल में हुई।” अनुमान लगाया जा रहा है कि इस बैठक में कई बार ये दिखा कि रूसी राष्ट्रपति पुतिन के हावी हो रहे थे।
7- ट्रंप ने कहा, उन्हें रूसी तेल खरीदने वाले चीन जैसे देशों पर तत्काल टैरिफ लगाने पर विचार करने की जरूरत नहीं है, लेकिन “दो या तीन हफ्तों में” ऐसा करना पड़ सकता है। साथ ही उन्होंने धमकी भी दी है कि अगर यूक्रेन में युद्ध खत्म करने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया, तो वे रूस पर प्रतिबंध लगाएंगे और उन देशों पर भी अतिरिक्त प्रतिबंध लगाएंगे जो उसका तेल खरीदते हैं। बता दें कि ट्रंप भारत पर पहले ही रूसी तेल खरीदने के लिए 25 प्रतिशत टैरिफ लगा चुके हैं।
8- फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, “व्लादिमीर पुतिन ने एक बात कही, जो सबसे दिलचस्प बातों में से एक थी, वो कि आपके चुनाव में धांधली इसलिए हुई क्योंकि आपके पास डाक से मतदान कराने की प्रक्रिया है।”
9- अलजजीरा के पत्रकार जेम्स बॉयज ने इस बैठक को लेकर कहा, इस बैठक के असली विजेता व्लादिमीर पुतिन हैं। क्योंकि बैठक में युद्धविराम पर कोई बात नहीं बनी है। साथ ही इसके बाद दूसरी बैठक होने की उम्मीद बढ़ी है। साथ ही युद्धविराम को लेकर उम्मीद जरूर बनी है और शायद त्रिपक्षीय बैठक हो और तीसरे नेता के तौर पर यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमीर जेलेंस्की को इस बैठक में शामिल किया जाए। पुतिन ने ट्रंप को मास्को आने का न्योता भी दिया है और हो सकता है कि आने वाले वक्त में अगली बैठक मॉस्को में हो और ट्रंप बैठक में भाग लेने रूस जाएं।
10- ट्रंप ने फॉक्स न्यूज को बताया है कि यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की और पुतिन युद्धविराम पर बातचीत के लिए एक बैठक कर सकते हैं। अलास्का में पुतिन से मुलाकात के बाद फॉक्स न्यूज के सीन हैनिटी से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि “मुझे लगता है कि वे अब राष्ट्रपति जेलेंस्की, राष्ट्रपति पुतिन और मेरे बीच एक बैठक आयोजित करने जा रहे हैं।”