33 फीट ऊँचा, 210 टन वजनी… दुनिया का सबसे बड़ा शिवलिंग पहुंचा मोतिहारी, भक्तों का लगा तांता-PHOTOS


  • विश्व का सबसे बड़ा शिवलिंग अब बिहार के पुर्वी चम्पारण जिले के केसरिया प्रखंड स्थित कैथवलिया बिराट रामायण मंदिर परिषर में पिछले 6 दिनों से 96 चक्का ट्रक पर ही रखा है। इसको लेकर जिले के लोगों का इंतजार अब खुशियों के साथ पूजा अर्चना की भीड़ जुट रही। महिला पुरुष आस्था के प्रति 1008 शिवलिंग निर्मित 210 मीट्रिक टन का खूब पूजा अर्चना कर रहे हैं। भीड़ को देखते हुए पुलिस सुरक्षा व्यवस्था में जुट गई है।

    Image Source : Reporter Input

    विश्व का सबसे बड़ा शिवलिंग अब बिहार के पुर्वी चम्पारण जिले के केसरिया प्रखंड स्थित कैथवलिया बिराट रामायण मंदिर परिषर में पिछले 6 दिनों से 96 चक्का ट्रक पर ही रखा है। इसको लेकर जिले के लोगों का इंतजार अब खुशियों के साथ पूजा अर्चना की भीड़ जुट रही। महिला पुरुष आस्था के प्रति 1008 शिवलिंग निर्मित 210 मीट्रिक टन का खूब पूजा अर्चना कर रहे हैं। भीड़ को देखते हुए पुलिस सुरक्षा व्यवस्था में जुट गई है।

  • विराट रामायण मंदिर परिसर कैथवलिया (मोतिहारी) में शिवलिंग की स्थापना को लेकर सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 17 जनवरी को विधिवत पूजा अर्चना के साथ स्थापित किया जाना है। जहां हेलीकॉप्टर से कई संगम पवित्र नदियों का जल एवं पुष्प की बरसात किया जाएगा। कई राज्यों से आचार्य एवं साधु संत के साथ जनप्रतिनिधियों को शोशल मीडिया के माध्यम से आमंत्रण देकर बुलाया जा रहा है।

    Image Source : Reporter Input

    विराट रामायण मंदिर परिसर कैथवलिया (मोतिहारी) में शिवलिंग की स्थापना को लेकर सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 17 जनवरी को विधिवत पूजा अर्चना के साथ स्थापित किया जाना है। जहां हेलीकॉप्टर से कई संगम पवित्र नदियों का जल एवं पुष्प की बरसात किया जाएगा। कई राज्यों से आचार्य एवं साधु संत के साथ जनप्रतिनिधियों को शोशल मीडिया के माध्यम से आमंत्रण देकर बुलाया जा रहा है।

  • विश्व के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत डिप्टी सीएम एवं कई मंत्रियों को आमंत्रित किया जा रहा है। हालांकि, अभी स्पष्ट नहीं है कि किनका-किनका आगमन होना है।

    Image Source : Reporter Input

    विश्व के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत डिप्टी सीएम एवं कई मंत्रियों को आमंत्रित किया जा रहा है। हालांकि, अभी स्पष्ट नहीं है कि किनका-किनका आगमन होना है।

  • शिवलिंग तामिलनाडु के महाबलीपुरम के पट्टीकाडु गांव में एक विशाल ग्रेनाइट पत्थर से निर्मित भारतीय शिल्पकला का अद्भुत नमूना की चर्चा मोतिहारी समेत बिहार एवं देश दुनिया मे हो रही है। शिवलिंग की ऊँचाई 33 फीट,गोलाकार 33 फीट,210 मीट्रिक टन (2 लाख 10 हजार किलो वजनी)है।

    Image Source : Reporter Input

    शिवलिंग तामिलनाडु के महाबलीपुरम के पट्टीकाडु गांव में एक विशाल ग्रेनाइट पत्थर से निर्मित भारतीय शिल्पकला का अद्भुत नमूना की चर्चा मोतिहारी समेत बिहार एवं देश दुनिया मे हो रही है। शिवलिंग की ऊँचाई 33 फीट,गोलाकार 33 फीट,210 मीट्रिक टन (2 लाख 10 हजार किलो वजनी)है।

  • इस शिवलिंग को तमिलनाडु के महाबलीपुरम के पट्टीकाडु गांव से 96 चक्का ट्रक से लाया गया है। अब किराण मशीन बंगाल एवं भोपाल से मंगाई जा रही है। इसके सहायता से 210 मीट्रिक टन की दुनिया का सबसे बड़ा विशालाकाय शिवलिंग को स्थापना किया जाना है।

    Image Source : Reporter Input

    इस शिवलिंग को तमिलनाडु के महाबलीपुरम के पट्टीकाडु गांव से 96 चक्का ट्रक से लाया गया है। अब किराण मशीन बंगाल एवं भोपाल से मंगाई जा रही है। इसके सहायता से 210 मीट्रिक टन की दुनिया का सबसे बड़ा विशालाकाय शिवलिंग को स्थापना किया जाना है।

  • इस विराट रामायण मंदिर का क्षेत्रफल 125 एकड़ में निर्माण किया जा रहा है। मुख्य मंदिर 1080 फीट लंबाई और 540 फीट चौड़ाई के साथ 270 फीट ऊंचाई होगी। विराट रामायण मंदिर में कुल 22 देवालय में भगवान राम के साथ माता सीता एवं लव कुश, महर्षि बाल्मिकी का मूर्ति स्थापित होगी।

    Image Source : Reporter Input

    इस विराट रामायण मंदिर का क्षेत्रफल 125 एकड़ में निर्माण किया जा रहा है। मुख्य मंदिर 1080 फीट लंबाई और 540 फीट चौड़ाई के साथ 270 फीट ऊंचाई होगी। विराट रामायण मंदिर में कुल 22 देवालय में भगवान राम के साथ माता सीता एवं लव कुश, महर्षि बाल्मिकी का मूर्ति स्थापित होगी।

  • मंदिर में कुल 12 शिखर होंगे, जिसमें दो बड़ा शिखर 198 फीट, चार शिखर 180 फीट, 135 फीट का एक शिखर और 108 फीट का चार शिखर होंगी। एक तालाब का निर्माण होगा, जिसे गंगा सागर के नाम से जाना जाएगा। तालाब की लंबाई 800 फीट और चौड़ाई 400 फीट होगी।

    Image Source : Reporter Input

    मंदिर में कुल 12 शिखर होंगे, जिसमें दो बड़ा शिखर 198 फीट, चार शिखर 180 फीट, 135 फीट का एक शिखर और 108 फीट का चार शिखर होंगी। एक तालाब का निर्माण होगा, जिसे गंगा सागर के नाम से जाना जाएगा। तालाब की लंबाई 800 फीट और चौड़ाई 400 फीट होगी।

  • आचार्य किशोर कुणाल के द्वारा साल 2012 में पुर्वी चम्पारण जिले के कैथवलिया गांव में भूमि पूजन के साथ विराट रामायण मंदिर का नींव रखी गई थी। इसके बाद विराट रामायण मंदिर के लिए जमीन अर्जित को लेकर कई बाधाओं को दूर किया गया। अब बिराट रामायण मंदिर के भूमि पूजन कर्ता आचार्य कुणाल किशोर इस दुनिया में नही रहे। इसके बाद उनके पुत्र सायन किशोर अपने पिता के सपनों को सकार करने में जुटे हैं।

    Image Source : Reporter Input

    आचार्य किशोर कुणाल के द्वारा साल 2012 में पुर्वी चम्पारण जिले के कैथवलिया गांव में भूमि पूजन के साथ विराट रामायण मंदिर का नींव रखी गई थी। इसके बाद विराट रामायण मंदिर के लिए जमीन अर्जित को लेकर कई बाधाओं को दूर किया गया। अब बिराट रामायण मंदिर के भूमि पूजन कर्ता आचार्य कुणाल किशोर इस दुनिया में नही रहे। इसके बाद उनके पुत्र सायन किशोर अपने पिता के सपनों को सकार करने में जुटे हैं।





  • Source link

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *