
ओपनएआई सीईओ सैम आल्टमैन
OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने एआई के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए कंपनियों के लिए चेतावनी जारी की है। ऑल्टमैन ने एआई चैटबॉट की बढ़ती कैपेसिटी को देखते हुए कंपनियों को चेतावनी दी है कि वो नए लोगों के हाइयरिंग प्रोसेस पर एक बार फिर से विचार करें। चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी ओपनएआई के सीईओ ने हाल ही में आयोजित ऑनलाइन टाउन-हॉल के दौरान ये बात कही है।
प्रभावित हुआ इंटरव्यू और रिक्रूटमेंट प्रोसेस
इस दौरान सैम ऑल्टमैन ने OpenAI के वर्कफोर्स प्लान को लेकर कहा कि एआई अब काफी बदल गया है। इसकी वजह से पूरी इंडस्ट्री के हायरिंग प्रोसेस को बदलने की जरूरत है। बिजनेस इंसाइडर की रिपोर्ट के मुताबिक, सैम ऑल्टमैन ने इस टाउनहॉल को एआई डेवलपर्स के लिए आयोजित किया था। बाद में पूछे गए एक सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि एआई की वजह से इंटरव्यू और रिक्रूटमेंट प्रोसेस भी प्रभावित हुआ है।
हालांकि, सैम ऑल्टमैन ने कहा है कि कंपनियां इंसानों को एआई से रिप्लेस नहीं करेंगी या इंसानों की हायरिंग को पूरी तरह बंद कर देगी। उन्होंने का कि एआई की वजह से छोटी टीम के साथ भी बड़े काम किए जा सकते हैं। ऐसे में एआई टूल्स का ज्यादा इस्तेमाल नई हायरिंग प्रोसेस को स्लो कर देगा। ओपनएआई के सीईओ ने बताया कि हमारी तरह अन्य कंपनियों को भी हायरिंग प्रोसेस को स्लो करना चाहिए।
सैम ऑल्टमैन की चेतावनी
सैम ऑल्टमैन का यह कमेंट उस समय आया जब एआई की वजह से ग्लोबली जॉब कट्स का दौर चल रहा है। जेनरेटिव एआई मॉडल्स हर सेक्टर में लोगों के लिए परेशानी पैदा कर रहे हैं। कंपनियां एआई की वजह से कम वर्क फोर्स में ही काम कर रही हैं। सैम ऑल्टमैन ने OpenAI समेत सभी कंपनियों को चेतावनी देते हुए कहा है कि एआई की बढ़ती क्षमताओं को देखते हुए नई हायरिंग प्रोसेस को स्लो कर देना चाहिए ताकि बाद में जॉब कट्स और लेऑफ जैसे कदम न उठाना पड़े।
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