
टेक्सास में क्रैश हुआ अमेरिका का एफ-35 बी प्लेन।
फोर्ट वर्थ (टेक्सास): अमेरिका के टेक्सास राज्य में दुनिया में सबसे ताकतर फाइटर प्लेन में से एक माना जाने वाला F-35 B प्लेन क्रैश हो गया। यह घटना टेक्सास के नेवल एयर स्टेशन जॉइंट रिजर्व बेस फोर्ट वर्थ पर हुई। पायलट ने खुद को क्रैश लैंडिंग के बाद इजेक्ट किया और किसी तरह जान बचा ली। वीडियो में देखा जा रहा है कि F-35B लाइटनिंग II फाइटर जेट के क्रैश लैंडिंग के दौरान पायलट ने खुद को इजेक्ट कर रहा है।
कैसे हुई घटना
यह घटना वर्टिकल लैंडिंग (के दौरान हुई, जब जेट अचानक नियंत्रण खो बैठा और रनवे पर तेजी से गिरकर क्रैश हो गया। रिपोर्ट्स के अनुसार, पायलट ने इमरजेंसी में इजेक्ट सीट का इस्तेमाल किया। पैराशूट खुलने के कुछ सेकंड बाद ही वह सुरक्षित जमीन पर उतर आए। वीडियो फुटेज में दिखा कि F-35B हॉवर करते हुए लैंडिंग की कोशिश कर रहा था, लेकिन अचानक नाक नीचे की ओर झुक गई, रनवे पर बाउंस हुआ, स्पिन हुआ और घास पर जा गिरा। धुआं उठने के साथ पायलट ने खुद को सफलतापूर्वक इजेक्ट किया। जेट का मालिक और निर्माता लॉकहीड मार्टिन ने पुष्टि की कि पायलट सुरक्षित है और जांच शुरू हो चुकी है।
पहले भी इसी एयरबेस पर हो चुकी है ऐसी ही घटना
यह घटना F-35B के लिए दुर्लभ नहीं है। दिसंबर 2022 में इसी बेस पर ऐसी ही घटना हुई थी, जहां वर्टिकल लैंडिंग फेल होने पर पायलट ने खुद को इजेक्ट किया था। तब भी पायलट को मामूली चोटें आई थीं। मई 2024 में न्यू मैक्सिको के किर्टलैंड एयर फोर्स बेस पर भी F-35B क्रैश हुआ था, जिसमें पायलट गंभीर रूप से घायल हुआ , लेकिन स्थिर था।F-35B अमेरिकी मरीन कोर के लिए विशेष STOVL (शॉर्ट टेकऑफ/वर्टिकल लैंडिंग) क्षमता वाला स्टेल्थ फाइटर है। यह हादसा तकनीकी खराबी, पायलट त्रुटि या सिस्टम फेलियर के कारण हो सकता है।
अमेरिकी रक्षा विभाग ने बैठाई जांच
अमेरिकी रक्षा विभाग ने घटना के बाद कारणों की जांच करने के लिए टीम गठित की है, जिसमें लॉकहीड मार्टिन और मरीन कोर शामिल हैं। किसी के घायल या मौत की खबर नहीं है, लेकिन जेट को भारी नुकसान पहुंचा है। यह घटना F-35 प्रोग्राम की सुरक्षा पर सवाल उठाती है, हालांकि पायलट के इजेक्ट सिस्टम ने फिर से जान बचाई। स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड ने तुरंत रेस्पॉन्ड किया। क्षेत्र में ट्रैफिक प्रभावित हुआ, लेकिन कोई नागरिक खतरा नहीं था। F-35B की कीमत करीब 100 मिलियन डॉलर है, और ऐसे हादसे महंगे साबित होते हैं। जांच पूरी होने तक और जानकारी नहीं दी जाएगी।
