यूपीः सरकारी स्कूलों में बच्चों को फ्री में बांटने के लिए आई किताबों को कबाड़ में बेचने वाले 3 कर्मचारी बर्खास्त, दो सस्पेंड


कबाड़ में बेची गई सरकारी स्कूल की किताबें- India TV Hindi
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कबाड़ में बेची गई सरकारी स्कूल की किताबें

यूपी के बहराइच में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। सरकार की तरफ स्कूली स्कूलों में बच्चों को फ्री में बांटने के लिए भेजी गई किताबों को अधिकारियों और कर्मचारियों ने मिलकर कबाड़ में बेच दिया। सर्व शिक्षा अभियान के तहत बच्चों के लिए भेजी गई किताबों को कबाड़ में बेचने की जानकारी कुछ लोगों ने डीएम को दी। जांच के बाद बेसिक शिक्षा विभाग के कई कर्मचारियों की नौकरी खतरे में पड़ गई है।

तीन कर्मचारी बर्खास्त, दो सस्पेंड

ताजा जानकारी के मुताबिक, अनुचर सफीक अहमद व आलोक कुमार को सस्पेंड कर दिया गया। जबकि अनुदेशक अतुल कुमार सिंह, जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता आशुतोष सिंह, स्पेशल एजुकेटर दीपक कुमार को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है। वहीं, बीएसए के लापरवाही की विभागीय जांच की जा रही है। इसके साथ ही प्रभारी सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी वीरेश कुमार वर्मा, खण्ड शिक्षा अधिकारी डाली मिश्रा, खण्ड शिक्षा अधिकारी मुख्यालय, बहराइच रंजीत कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी की गई है। 

स्थानीय लोगों ने डीएम को दी थी सूचना

बताया जा रहा है कि जिलाधिकारी के सीयूजी नंबर पर कुछ लोगों ने रामगांव इलाके में स्थित एक कबाड़ी की दुकान के पास ट्रक में भारी मात्रा में सरकारी स्कूलों में बांटने वाली किताबों की होने की जानकारी दी। इसके बाद जिलाधिकारी के निर्देश पर ट्रक को जब्त कर जांच शुरू कर दी गई। जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी ने बताया कि कुछ लोगों ने फोन पर ट्रक में भारी मात्रा ने सरकारी किताबें मौजूद होने की जानकारी दी थी। जिसके बाद वाहन को जब्त किया गया है। स्टॉक की जांच में 13 हज़ार 595 किताबें गायब मिली हैं। 

कई कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस

डीएम के आदेश पर जांच कमेटी ने कई कर्मचारियों को इसके लिए दोषी ठहराया है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने पाठ्य पुस्तकों के भण्डारण व रख-रखाव के लिए उत्तरदायी अनुचर आलोक कुमार व शफीक अहमद को निलंबित कर दिया है और अनुदेशक अतुल कुमार सिंह, जिला समन्वयक सामुदायिक सहभागिता आशुतोष सिंह, स्पेशल एजुकेटर दीपक कुमार की संविदा समाप्त कर दी गई है। इसके साथ ही प्रभारी सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी वीरेश कुमार वर्मा, खण्ड शिक्षा अधिकारी डाली मिश्रा और खण्ड शिक्षा अधिकारी मुख्यालय, बहराइच रंजीत कुमार को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इन लोगों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की संस्तुति की गई है। 

ट्रक भी सीज

 बता दें कि 16 फरवरी 2026 को रात 9 बजे जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी के सीयूजी मोबाइल नम्बर सूचना प्राप्त हुई कि ट्रक संख्या यूपी 21 एफटी 8485 शैक्षणिक सत्र 2026-2027 हेतु निःशुल्क पाठ्य पुस्तकों को कबाड़ में बिक्री हेतु काशीपुर (उत्तराखण्ड) ले कर जा रहा है। सूचना को गम्भीरता से लेते हुए जिलाधिकारी द्वारा मुख्य विकास अधिकारी को तत्काल कार्रवाई के लिए निर्देशित किया। डीएम के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी द्वारा ट्रक को पुलिस विभाग की मदद से लखीमपुर से वापस लाते हुये थाना रामगांव में सीज कर लिया गया। इस संबंध में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने संबंधित के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज कराया है।

रिपोर्ट- बच्चे भारती,  बहराइच





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