दिल्ली आबकारी नीति से जुड़े CBI मामला में इस वक्त एक बड़ी अपडेट सामने आ रही है। दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) नेता अरविंद केजरीवाल व अन्य ने दिल्ली हाईकोर्ट में एक अर्जी दायर की है। अर्जी में जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को मामले से अलग करने की मांग की गई है। वहीं अरविंद केजरीवाल व अन्य की अर्जी पर दिल्ली हाई कोर्ट में कल (सोमवार को) सुनवाई होगी। वहीं इस दौरान अरविंद केजरीवाल कल खुद हाई कोर्ट में पेश होकर अपनी दलीलें रख सकते हैं।
दिल्ली हाई कोर्ट में दाखिल की अर्जी
दरअसल, आम आदमी पार्टी (AAP) ने कहा है कि दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल कथित आबकारी शुल्क नीति घोटाले से जुड़े एक मामले में सोमवार को दिल्ली हाई कोर्ट के समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश होंगे और अपनी बात रखेंगे। पार्टी ने रविवार को कहा कि अरविंद केजरीवाल ने कई अन्य आरोपियों के साथ मिलकर न्यायमूर्ति स्वर्ण कांता शर्मा को मामले की सुनवाई से अलग करने की मांग करते हुए एक आवेदन दायर किया है। आम आदमी पार्टी के नेता का यह आवेदन प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा दायर एक याचिका के जवाब में था, जिसमें शराब नीति मामले की जांच के दौरान कथित तौर पर समन का पालन न करने से संबंधित एक मामले में केजरीवाल को बरी करने वाले निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी गई थी।
केजरीवाल को कोर्ट ने किया बरी
बता दें कि दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने 22 जनवरी के अपने आदेश में आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल को समन की अवहेलना के मामले में बरी कर दिया था। अदालत ने पाया कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) यह साबित करने में विफल रहा कि उन्होंने जानबूझकर उसके समन की अवहेलना की थी। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 30 मार्च को केजरीवाल को समन मामले में बरी किए जाने को चुनौती देते हुए दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया था।
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