
मंत्री चंद्रनाथ सिन्हा के यहां ईडी की कुर्की
पश्चिम बंगाल के प्राथमिक शिक्षक भर्ती घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। ईडी के कोलकाता जोनल कार्यालय ने तृणमूल कांग्रेस के विधायक और राज्य सरकार में मंत्री चंद्रनाथ सिन्हा की करीब 3.65 करोड़ रुपये की अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क कर लिया है। यह कार्रवाई 31 दिसंबर 2025 को धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत की गई। चंद्रनाथ सिन्हा वर्तमान में पश्चिम बंगाल सरकार में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME), वस्त्र और कारागार प्रशासन विभाग के मंत्री हैं।
कैसे शुरू हुई जांच
ईडी ने यह जांच सीबीआई द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी। यह एफआईआर कलकत्ता हाईकोर्ट के आदेश पर दर्ज की गई थी। आरोप है कि प्राथमिक शिक्षकों की भर्ती में अयोग्य, सूची से बाहर और कम रैंक वाले उम्मीदवारों को नौकरी दी गई, जबकि योग्य अभ्यर्थियों को जानबूझकर बाहर रखा गया। यह सब नियमों की अनदेखी करते हुए आपसी साजिश के तहत किया गया।
पहले भी हो चुकी है कार्रवाई
इस मामले में ईडी पहले ही 6 अगस्त 2025 को चंद्रनाथ सिन्हा के खिलाफ प्रॉसिक्यूशन कंप्लेंट दाखिल कर चुकी है। इसके अलावा 22 मार्च 2024 को उनके आवास पर छापेमारी के दौरान 41 लाख रुपये नकद और कई अहम दस्तावेज भी जब्त किए गए थे।
जांच में यह भी सामने आया कि चंद्रनाथ सिन्हा के नियंत्रण वाले बैंक खातों में भारी मात्रा में नकद जमा किया गया था। आरोप है कि उन्होंने परिवार के सदस्यों के नाम पर आगे रखकर बोलपुर और बीरभूम इलाके में कई अचल संपत्तियां खरीदीं, जिन्हें अब कुर्क किया गया है।
अर्पिता मुखर्जी के ठिकानों से भी बड़ी बरामदगी
इस घोटाले में पहले ईडी ने पूर्व शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी की करीबी सहयोगी अर्पिता मुखर्जी के ठिकानों से 49.80 करोड़ रुपये नकद और 5.08 करोड़ रुपये की सोने की ज्वेलरी भी बरामद की थी।
अब तक 7 गिरफ्तार
ईडी इस मामले में अब तक 7 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है, जिनमें पूर्व शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी और अर्पिता मुखर्जी भी शामिल हैं। अब तक 6 अस्थायी कुर्की आदेश जारी किए जा चुके हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 98.65 करोड़ रुपये हो चुकी है।
54 आरोपियों पर मुकदमा, ट्रायल जारी
ईडी अब तक एक मुख्य और 6 पूरक अभियोजन शिकायतें दाखिल कर चुकी है। इस मामले में 54 आरोपियों और संस्थाओं के खिलाफ आरोप तय हो चुके हैं, जिनमें पार्थ चटर्जी, अर्पिता मुखर्जी और विधायक माणिक भट्टाचार्य जैसे नाम शामिल हैं। फिलहाल मामला विशेष PMLA अदालत में विचाराधीन है।
कुल जब्ती 641 करोड़ रुपये के पार
प्राथमिक शिक्षक भर्ती घोटाले में अब तक 154.91 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त या कुर्क की जा चुकी है। वहीं, इससे जुड़े एसएससी सहायक शिक्षक और ग्रुप ‘C’ व ‘D’ भर्ती घोटालों में ईडी ने करीब 486 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की है। कुल मिलाकर भर्ती घोटालों में ईडी कोलकाता अब तक लगभग 641 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क कर चुकी है।
