Mata Katyayani- India TV Hindi

Image Source : FILE
Mata Katyayani

नवरात्रि के छठे दिन माता कात्यायनी की पूजा की जाती है। माता दुर्गा ने कात्यायनी के रूप में महिषासुर का वध किया था। माता कात्यायनी अपने भक्तों पर प्रसन्न होकर उनकी मनोकामनाएं पूरी करती हैं। नवरात्रि के छठे दिन इनकी पूजा कैसे की जानी चाहिए और किन मंत्रों का जप करके आप माता कात्यायनी को प्रसन्न कर सकते हैं, आइए इस बारे में विस्तार से जानते हैं। 

माता कात्यायनी की पूजा के लिए शुभ मुहूर्त 

भक्तों को नवरात्रि के छठे दिन ब्रह्म मुहूर्त में सुबह 4 बजकर 28 मिनट से 5 बजकर 13 मिनट के बीज माता कात्यायनी की पूजा करनी चाहिए। इसके बाद अभिजीत मुहूर्त में माता के मंत्रों का जप आप कर सकते हैं। अभिजीत मुहूर्त सुबह 11 बजकर 42 मिनट से शुरू होगा और 12 बजकर 28 मिनट तक रहेगा। व्रत रखने वाले भक्तों को इस दिन में सोना नहीं चाहिए। 

माता कात्यायनी की पूजा विधि

ब्रह्म मुहूर्त में स्नान ध्यान करने के बाद आपको स्वच्छ वस्त्र धारण करने चाहिए। इसके बाद कात्यायनी माता की मूर्ति या तस्वीर पूजा स्थल पर अर्पित करनी चाहिए। इसके बाद माता की पूजा शुरू करनी चाहिए और उन्हें ताजे गुड़हल के पुष्प अर्पित करने चाहिए और साथ ही शहद का भोग माता को लगाना चाहिए। इसके बाद माता के नीचे दिये गये मंत्र का जप करना चाहिए।

या देवी सर्वभूतेषु कात्यायनी रुपेण संस्थिता। 

नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः।।

इसके बाद आप दुर्गा सप्तशती का पाठ कर सकते हैं या फिर कम से कम दुर्गा सप्तशती के 12 वें अध्याय का पाठ कर सकते हैं। पूजा के अंत में आपको माता कात्यायनी की आरती करनी चाहिए। माता के प्रिय मंत्रों का जप आप पूजा के दौरान भी कर सकते हैं, और दिन भर में जब भी आपको समय मिले तब भी आप माता के मंत्रों का जप कर सकते हैं। माता के कुछ प्रभावशाली मंत्र नीचे दिए गए हैं। 

  • चंद्रहासोज्जवलकरा शार्दूलवर वाहना ।
    कात्यायनी शुभंदद्या देवी दानवघातिनि ।।
  • ॐ देवी कात्यायन्यै नमः।
  • कात्यायनी महामाये , महायोगिन्यधीश्वरी।
    नन्दगोपसुतं देवी, पति मे कुरु ते नमः।।

माता कात्यायनी की पूजा से मिलते हैं ऐसे फल 

जो भी भक्त माता कात्यायनी की पूजा करते हैं उन्हें धन-धान्य, धर्म और मोक्ष की प्राप्ति होती है। इसके साथ ही अगर आपके वैवाहिक जीवन में परेशानियां आ रही हैं तो माता कात्यायनी की पूजा के बाद वो दूर हो सकती हैं। वहीं जो लोग अभी तक अविवाहित हैं, अगर वो माता कात्यायनी की पूजा करते हैं तो उन्हें योग्य वर और वधु की प्राप्ति होती है। माता कात्यायनी भक्तों को जीवन में आ रही बाधाओं को भी दूर करने वाली मानी जाती हैं। आप भी नवरात्रि के छठे दिन माता कात्यायनी की पूजा करके जीवन में सुख और समृद्धि प्राप्त कर सकते हैं। 

(आचार्य इंदु प्रकाश देश के जाने-माने ज्योतिषी हैं, जिन्हें वास्तु, सामुद्रिक शास्त्र और ज्योतिष शास्त्र का लंबा अनुभव है। इंडिया टीवी पर आप इन्हें हर सुबह 7.30 बजे भविष्यवाणी में देखते हैं।)

ये भी पढ़ें-

शनि कुंडली में कब होते हैं शुभ? आपकी कुंडली में है शनि की ये स्थिति तो भाग्य देगा साथ, करियर में मिलेगा फायदा

कन्या पूजन के दौरान भूलकर भी न करें ये गलती, माता की कृपा से रह जाएंगे वंचित





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version