Toxic Vegetables in Bengaluru, Bengaluru Vegetables- India TV Hindi
Image Source : PTI REPRESENTATIONAL
बेंगलुरु में कई सब्जियों में लेड की मात्रा तय सीमा से बहुत ज्यादा मिली है।

बेंगलुरु: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु के लोकप्रिय बाजारों में बिकने वाली आम सब्ज़ियों में लेड यानी कि सीसे की मात्रा फ़ूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (FSSAI) की तय सीमा से कहीं ज्यादा पाई गई है। सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) की एक जॉइंट कमिटी ने यह खुलासा किया है। कमिटी ने सब्ज़ियों में भारी धातुओं और कीटनाशकों की मिलावट की जांच की थी। कमिटी ने पिछले साल यानी 2025 में फरवरी और सितंबर के दौरान 72 सब्ज़ी सैंपल इकट्ठा किए। इनमें से 19 सैंपलों में लेड की मात्रा FSSAI की अनुमति वाली सीमा से ज्यादा निकली।

कई सब्जियों में लेड की मात्रा बहुत ज्यादा

कई सब्जियों में लेड की मात्रा सीमा से कई गुना ज्यादा पाई गई। उदाहरण के तौर पर:

  • छोटी लौकी में लेड 1.75 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम पाया गया, जबकि FSSAI की सीमा सिर्फ 0.1 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम है।
  • हरी पत्तेदार सब्ज़ियों में लेड 1.68 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया, जबकि सीमा 0.3 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम है।
  • बैंगन में लगभग 2 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम लेड मिला, जबकि सीमा 0.1 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम है।
  • कोलार से आए करेले के सैंपल में लेड 1.9 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम तक था, जबकि सीमा सिर्फ 0.1 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम है।

ये सैंपल नेलमंगला के केम्पलिंगना हल्ली, राजाजीनगर के सिद्दैया पुराणिक रोड, कोलार के APMC मार्केट और महालक्ष्मी लेआउट के HOPCOMS सब्ज़ी मार्केट से लिए गए थे। सब्ज़ियां नेलमंगला, चिक्कबल्लापुर और कोलार के खेतों से आई थीं।

72 सैंपलों में कीटनाशक अवशेषों की भी जांच

बाजारों में भी नेलमंगला, बेंगलुरु और कोलार के APMC तथा HOPCOMS से सैंपल लिए गए। जांच में शामिल सब्ज़ियों में बीन्स, लौकी, चुकंदर, पत्तागोभी, शिमला मिर्च, मिर्च (बज्जी वाली), खीरा, शलजम, पत्तेदार सब्ज़ियां और स्क्वैश शामिल हैं। कमिटी ने हर सैंपल की पूरी जांच की। इसमें 11 भारी धातुएं (एंटीमनी, आर्सेनिक, कैडमियम, क्रोमियम, कॉपर, लेड, मरकरी, मिथाइल मरकरी, निकल, सेलेनियम और टिन), 3 खनिज (आयरन, जिंक और मैंगनीज) तथा FSSAI के 2011 नियमों में बताए गए 230 कीटनाशक अवशेषों की जांच हुई। सभी 72 सैंपलों में कीटनाशक अवशेषों की भी जांच की गई। 10 सैंपलों में कुल 18 कीटनाशक अवशेष मिले।

2013 में एक न्यूज रिपोर्ट में सामने आई थी समस्या

शिमला मिर्च, मिर्च बज्जी, खीरा और अदरक में किसानों द्वारा इस्तेमाल किए गए कीटनाशकों के अवशेष तय सीमा से ज्यादा पाए गए। कमिटी ने सिफारिश की है कि सब्ज़ी सैंपलों में लेड आने के संभावित स्रोतों की और गहराई से जांच की जाए। यह समस्या पहली बार 2013 में एक न्यूज रिपोर्ट में सामने आई थी। एनवायरनमेंट मैनेजमेंट पॉलिसी रिसर्च इंस्टीट्यूट (EMPRI) की स्टडी में 10 तरह की सब्ज़ियों के 400 सैंपल लिए गए थे। उसमें पाया गया कि सब्ज़ियों में भारी धातुओं की मात्रा FAO (फूड एंड एग्रीकल्चर ऑर्गनाइज़ेशन) की अनुमति सीमा से ज्यादा थी। धनिया और पालक में आयरन व कैडमियम तथा अन्य सब्ज़ियों में निकल की मात्रा तय सीमा से ज्यादा थी।

कमिटी ने कई जिलों में खेतों से मिट्टी के सैंपल लिए

2013 की रिपोर्ट के बाद नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने खुद केस लिया। NGT ने CPCB, कर्नाटक स्टेट पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (KSPCB) और EMPRI को नोटिस भेजा था। CPCB को बेंगलुरु की सब्ज़ियों के सैंपल की जांच का निर्देश दिया गया। CPCB ने एक जॉइंट कमिटी बनाई जिसमें KSPCB, FSSAI, ICAR इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ सॉइल साइंस (IISS) भोपाल और यूनिवर्सिटी ऑफ़ एग्रीकल्चरल साइंसेज (UAS) के विशेषज्ञ शामिल थे। कमिटी ने कोलार, चिक्कबल्लापुर और नेलमंगला के खेतों से 26 मिट्टी के सैंपल भी लिए।

‘नियमित सब्जी खाने वालों को सतर्क रहना चाहिए’

सेलेनियम को छोड़कर बाकी भारी धातुओं का स्तर सामान्य (बिना प्रदूषण वाले इलाकों जैसा) पाया गया। लेकिन कोलार और चिक्कबल्लापुर की मिट्टी में लेड की मात्रा नेलमंगला से ज्यादा थी। इन्हीं खेतों से ग्राउंडवाटर के सैंपल लिए गए। साथ ही उद्दप्पनहल्ली के KC वैली एंट्री पॉइंट से एक ट्रीटेड वेस्टवाटर सैंपल लिया गया। इनकी जांच में कुछ सैंपलों में जिंक, आयरन, मैंगनीज, निकल और क्रोमियम की मात्रा तय सीमा से ज्यादा पाई गई। CPCB की यह रिपोर्ट बेंगलुरु के लोगों के लिए चेतावनी है। विशेषज्ञों का कहना है कि नियमित सब्ज़ी खाने वालों को सतर्क रहना चाहिए। कमिटी अब लेड के स्रोत पता लगाने और समाधान ढूंढ़ने पर काम कर रही है।

Latest India News





Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version